आकाशगंगा टाईम्स/सिरमौर
पेंशनर्स वैलफेयर एसोसिएशन पांवटा साहिब की बैठक डॉ विपन कालिया की अध्यक्षता में संपन्न हुई। डॉ टीपी सिंह महासचिव ने बताया कि बैठक में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई। बैठक में सदस्यों ने गहरा रोष प्रकट किया कि मुख्यमंत्री ने घोषणा की थी कि सभी चिकित्सा बिलों का भुगतान कोषागार में आते ही कर दिया जाएगा परन्तु यह घोषणा मात्र ही रह गयी है अदायगी नहीं हो पा रही है।
जनवरी 2016 के उपरांत सेवानिवृत्त वाले पेंशनर्स को उनकी अदायगी भी अभी तक लटकी हुई है। इस प्रकार की घोषणा से विश्वसनीयता में कमी आनी स्वाभाविक है।
मंहगाई भत्तों के बारे तो स्थिति बड़ी ही चिन्ता जनक हो गई है। 142 माह की किस्तों के एरियर बकाया हो गये हैं। अभी तक यह भत्ता 58% के स्थान पर 45% ही दिया जा रहा है जो कि प्रदेश के पेंशनर्स के साथ अन्याय है।
जिन पेंशनर्स के 8-9-2022 के सन्दर्भ में संशोधित हुए हैं उनका 7 माह 7 दिन का एरियर फरवरी 2022 से 7 सितम्बर 2022 का अकारण रोका हुआ है। चिकित्सा भत्ता पंजाब पद्धति पर 1000/- प्रति माह के स्थान पर 400/- ही दिया जा रहा है।
70 वर्ष से कम आयु वाले पेंशनर्स का छठे वेतन आयोग अनुसार बकाया के बारे सरकार चुप्पी साधे हुए है। 65, 70 व 75 वर्ष की आयु पर क्रमश 5, 10 व 15% भत्ते के रूप में ही दिया जा रहा है जो कि मूल वेतन के रूप में पंजाब पद्धति पर दिये जाने का मामला अभी तक यथावत लटका हुआ है जिसे शीघ्र जारी किया जाना चाहिए।
राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे बने पैदल पथ पर केवल गाड़ी पार्किंग ही हो रही हैं। उनको खाली कराया जाए। इस विषय में बार बार लिखा जा रहा है परन्तु कोई ठोस समाधान नहीं हुआ।
होला मेले में झूले वाले अपनी मर्जी से चार्ज कर रहे हैं इस पर प्रशासन व नगर परिषद सुनिश्चित करें की निर्धारित दर से राशि ली जाए। मेले के कारण शहर में गंदगी फैलने की संभावना बनी रहती है नगर परिषद इस विषय में गहन सफाई अभियान चलाए।
बैठक में अध्यक्ष डाॅ विपन कालिया, महासचिव टीपी सिंह, जवाहर सिंह पाल, लखबीर सिंह, वीके अग्रवाल, एमएल चौहान, शान्ति स्वरूप गुप्ता, केके चड्ढा, बीएस नेगी, डीएस सैनी, अनीता चड्ढा, प्रीतो देवी, डाॅ सुधा कालिया, एनडी सरीन, वीसी छिब्बर, नवीन कुमार, जितेन्द्र दत्त, इन्द्र पाल वालिया, वंदना शर्मा, अरुण शर्मा, सतपाल सिंह व आरके अग्रवाल मौजूद रहे।
